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अर्हम ध्यान धाम में 1500 लोगो ने किया एक साथ योग,सिंगोली बना ऊर्जा ओर साधना का केंद्र ,,,,मुकेश माहेश्वरी की खबर

Reporter सिंगोली - मुकेश माहेश्वरी May 3, 2026, 3:52 pm Samajik



सिंगोली(मुकेश माहेश्वरी )मेवाड़ प्रांत की धार्मिक नगरी सिंगोली में  योग दिवस (21 जून) के उपलक्ष्य में “49 डे योगा काउंटडाउन” के अंतर्गत महावीर मांगलिक भवन में भव्य योग आयोजन संपन्न हुआ।यह आयोजन आचार्य श्री विद्यासागर जी महाराज के परम प्रभावक शिष्य मुनिश्री 108 प्रणम्य सागर जी महाराज के सानिध्य में हुआ, जिसने पूरे वातावरण को साधना और सकारात्मक ऊर्जा से भर दिया।कार्यक्रम की शुरुआत अंतराप्पा साक्षी जी के प्रेरणादायी उद्बोधन से हुई, जिसमें उन्होंने अर्हं ध्यान योग के महत्व को सरल शब्दों में समझाया। इसके पश्चात अर्हं ध्यान योग के चेयरमैन एवं प्रशिक्षक श्री चिन्मय कियावत जी ने ऐसा सत्र

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कराया, जिसमें हर आयु वर्ग के लोगों ने पूरे जोश और अनुशासन के साथ भाग लिया।पंच मुद्रा, अर्हं क्लैप, प्राणायाम, अर्हं नाद, योगासन और ध्यान की श्रृंखला ने पूरे माहौल को आध्यात्मिक बना दिया। जब सैकड़ों लोगों ने एक साथ ध्यान किया, तो महावीर मांगलिक भवन मानो “ध्यान धाम” में परिवर्तित हो गया।अपने ओजस्वी प्रवचन में मुनिश्री ने कहा कि केवल योग ही नहीं, बल्कि अहिंसा, सत्य, अस्तेय, ब्रह्मचर्य और अपरिग्रह जैसे अणुव्रतों का पालन ही जीवन को श्रेष्ठ बनाता है। उन्होंने “पंच” के महत्व को जीवन का आधार बताते हुए आत्मोन्नति का मार्ग बताया।कार्यक्रम के दौरान दीप प्रज्वलन, चित्र
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अनावरण एवं पाद प्रक्षालन जैसे गरिमामय आयोजन हुए, जिन्होंने कार्यक्रम की गरिमा को और बढ़ाया। सभी  प्रतिभागियों को निःशुल्क टी-शर्ट वितरित की गई, जिससे युवाओं में विशेष उत्साह देखने को मिला।इस आयोजन की सबसे खास बात रही सर्व समाज की एकता जैन समाज के साथ साथ विभिन्न समाजों के लोगों ने भी बढ़ चढ़कर भाग लिया। मीडिया प्रतिनिधियों का सम्मान कर समाज के प्रति उनके योगदान को सराहा गया।लगभग 1500 श्रद्धालुओं की उपस्थिति ने इस आयोजन को ऐतिहासिक बना दिया।

  कार्यक्रम में बिजोलिया, मनासा, दिल्ली, रावतभाटा, झांतला, बेगूं, चेची, महुआ सहित अनेक स्थानों से आए श्रद्धालुओं ने इसे एक

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“योग उत्सव” में बदल दिया।यह आयोजन केवल योग तक सीमित नहीं रहा, बल्कि सिंगोली में आध्यात्म, अनुशासन और सामाजिक एकता का प्रेरक संदेश देकर गया

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