नीमच। जिले में 14 जुलाई से संचालित दस्तक अभियान की प्रभावी मॉनिटरिंग के लिए मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. दिनेश प्रसाद एवं महिला एवं बाल विकास विभाग के जिला कार्यक्रम अधिकारी राजेश गुप्ता ने संयुक्त रूप से मैदानी भ्रमण कर स्वास्थ्य एवं पोषण सेवाओं का निरीक्षण किया। अधिकारियों ने अभियान की प्रगति का जायजा लेते हुए मैदानी अमले को सुधारात्मक निर्देश दिए और कहा कि अभियान के क्रियान्वयन में किसी भी स्तर पर लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी।
निरीक्षण के दौरान अधिकारियों ने पांच वर्ष तक के बच्चों की वृद्धि निगरानी, विटामिन-ए की खुराक, ओआरएस एवं जिंक वितरण, ओआरएस कॉर्नर की व्यवस्था तथा गंभीर एवं मध्यम कुपोषित बच्चों की पहचान कर उन्हें पोषण पुनर्वास केंद्र (एनआरसी) भेजने की प्रक्रिया का बारीकी से अवलोकन किया। साथ ही अभियान के अंतर्गत संचालित अन्य स्वास्थ्य सेवाओं की भी विस्तृत समीक्षा की गई।
संयुक्त टीम ने ग्राम बोरखेड़ी में आयोजित दस्तक अभियान, ग्राम स्वास्थ्य एवं पोषण दिवस तथा मंगल दिवस गतिविधियों का निरीक्षण किया। यहां बच्चों को दिए जा रहे पूरक पोषण आहार की गुणवत्ता और व्यवस्थाओं की जांच की गई। इसके बाद रायसिंहपुरा पहुंचकर भी अभियान की प्रगति और स्वास्थ्य सेवाओं की मॉनिटरिंग की गई।
अधिकारियों ने सीएचओ, एएनएम, आशा एवं आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं को निर्देशित किया कि सभी पात्र बच्चों का घर-घर जाकर स्वास्थ्य परीक्षण और स्क्रीनिंग सुनिश्चित की जाए। चिन्हित बच्चों को समय पर उपचार एवं रेफरल सेवाएं उपलब्ध कराई जाएं ताकि गंभीर मामलों में किसी प्रकार की देरी न हो।
भ्रमण के दौरान गर्भवती महिलाओं के पंजीयन, हाई-रिस्क गर्भावस्था की पहचान, गंभीर एनीमिया से पीड़ित महिलाओं के समुचित प्रबंधन तथा स्वास्थ्य एवं महिला एवं बाल विकास विभाग की योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन की भी समीक्षा की गई। अधिकारियों ने संबंधित अमले को सेवाओं की गुणवत्ता बनाए रखने और प्रत्येक पात्र हितग्राही तक योजनाओं का लाभ समय पर पहुंचाने के निर्देश दिए।